INC: ‘अमेरिका के साथ संभावित व्यापार समझौता दर्दनाक अनुभव बना’, कांग्रेस ने ट्रंप का नाम लेकर केंद्र को घेरा
कांग्रेस के महासचिव जयराम रमेश ने एक्स पर पोस्ट में कहा, “एक समय कहा गया था कि भारत नवंबर 2025 में क्वाड (अमेरिका, जापान, ऑस्ट्रेलिया और भारत का समूह) के शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा, लेकिन अब वह नहीं हो रहा है।”
कांग्रेस ने सोमवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के हालिया दावे को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा। दरअसल, ट्रंप ने एक बार फिर एक इंटरव्यू में दावा किया कि उन्होंने भारत-पाकिस्तान संघर्ष को व्यापार के जरिए रोका था। पार्टी ने कहा कि अमेरिका के साथ होने वाला संभावित व्यापार समझौता अब भारत के लिए एक दर्दनाक अनुभव बन गया है।
कांग्रेस के महासचिव जयराम रमेश ने एक्स पर पोस्ट में कहा, “एक समय कहा गया था कि भारत नवंबर 2025 में क्वाड (अमेरिका, जापान, ऑस्ट्रेलिया और भारत का समूह) के शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा, लेकिन अब वह नहीं हो रहा है।” उन्होंने आगे कहा, “एक समय यह भी कहा गया था कि अमेरिका के साथ सबसे पहले व्यापार समझौता करने वालों में भारत होगा। वह तथाकथित समझौता अब एक कठिनाई बन गया है, जबकि अमेरिका को निर्यात घट रहे हैं और यहां रोजगार खो रहे हैं।”
रमेश ने कहा कि इस बीच राष्ट्रपति ट्रंप ने 57वीं बार यह दोहराया है कि उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर को अचानक और अप्रत्याशित रूप से कैसे रोका और इसकी पहली घोषणा वॉशिंगटन से हुई, न कि नई दिल्ली से। कांग्रेस नेता ने ट्रंप का एक वीडियो भी साझा किया, जिसमें उन्होंने दावा किया कि उन्होंने व्यापार और शुल्क का उपयोग करके भारत-पाकिस्तान के बीच सैन्य संघर्ष को रोका।
ट्रंप के दावों को लेकर कांग्रेस के निशाने पर पीएम मोदी
कांग्रेस ने पिछले हफ्ते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तंज कसते हुए कहा था कि स्वयंभू 56 इंच का सीना अब पूरी तरह सिमट चुका है और उजागर हो गया है।
ट्रंप लगातार कर रहे भारत-पाकिस्तान संघर्ष रुकवाने का दावा
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लगभग हर दूसरे द्विपक्षीय या वैश्विक सम्मेलन में भारत-पाकिस्तान के साथ-साथ कई और देशों के विवादों को खत्म कराने का दावा करते आ रहे हैं। सितंबर में उन्होंने संयुक्त राष्ट्र में विश्व नेताओं को संबोधित करते हुए दावा किया था कि उन्होंने भारत-पाकिस्तान संघर्ष को रोका था। भारत ने हमेशा यह रुख रखा है कि पाकिस्तान के साथ संघर्ष विराम की समझ दोनों सेनाओं के डायरेक्टर जनरल ऑफ मिलिट्री ऑपरेशंस (डीजीएमओ) के बीच सीधे संवाद से बनी थी।
No Comments: